Header Ads

Header ADS

आचार संहिता का असर, 30 कर्मचारी 24 घंटे रख रहे प्रिंट, इलेक्ट्रानिक, इंटरनेट मीडिया पर नजर


भोपाल। विधानसभा चुनाव के दौरान सभी तरह के प्रचार-प्रसार, विज्ञापनों पर नजर रखने के लिए मीडिया मानिटरिंग एवं सर्टिफिकेशन सेल का गठन किया गया है। इसका कार्यालय जनपद पंचायत फंदा के सभागार में बनाया गया है। यहां से 24 घंटे 30 कर्मचारी प्रिंट, इलेक्ट्रानिक, इंटरनेट मीडिया के जरिए होने वाले प्रचार-प्रसार पर निरंतर निगरानी रख रहे हैं। इस दौरान यदि प्रचार-प्रसार में आचार संहिता के नियमों का उल्लंघन होता पाया गया तो उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।



पेड एवं फेक न्यूज की सतत निगरानी

एडीएम प्रकाश सिंह चौहान ने बताया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार जनपद कार्यालय फंदा के सभागार में बनाई गई एमसीएमसी सेल में 30 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। यहां पर तीन पालियों में कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। जो कि पेड एवं फेक न्यूज की सतत निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि आचार संहिता एवं इंटरनेट मीडिया पर किसी भी प्रकार का वायलेशन स्वीकार नहीं किया जाएगा, साथ ही कर्मचारियों को कहा गया है कि मीडिया की निरंतर निगरानी करें और किसी भी प्रकार की संदर्भित गतिविधि या खबर, भाषण पाए जाने पर तुरंत जिला निर्वाचन अधिकारी के सामने रिपोर्ट प्रस्तुत करें।


बिना अनुमति नहीं कर सकेंगे विज्ञापन जारी

विधानसभा चुनाव लड़ रहे अभ्यर्थियों को प्रिंट एवं इलेक्ट्रानिक मीडिया पर विज्ञापन जारी करने के पहले कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी आशीष सिंह की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय एमसीएमसी से अनुमति लेना होगा।एमसीएमसी की टीम पेड न्यूज की निगरानी कर सत्यापन करते हुए व्यय लेखा की जानकारी प्रस्तुत करेंगी।एमसीएमसी पेड न्यूज के मामलों में रिटर्निंग अधिकारी के माध्यम से अभ्यर्थी को नोटिस प्रदान किया जाएगा। उनका निर्धारित समय के भीतर प्राप्त उत्तर संतोषजनक होने पर पेड न्यूज का प्रकरण निराकृत माना जाएगा। अभ्यर्थी का जवाब असंतोषजनक पाए जाने पर तथा जांच करने पर सही पाए जाने पर पेड न्यूज का खर्च उनके व्यय लेखा में जोड़ा जाएगा।

No comments

Powered by Blogger.